मेहनत और आत्मनिर्भरता की मिसाल पेश कर रही हैं कुशल महिला किसान प्रीति पंत।
खुद सब्जी उगाकर बाजार में बेची, हजारों रुपये कमाए।
जोशीमठ/ तपोवन। खेती को केवल परंपरागत काम न मानकर इसे आय का मजबूत जरिया बनाने वाली प्रीति पंत आज जोशीमठ क्षेत्र की महिलाओं के लिए प्रेरणा बन रही हैं। प्रीति पंत ने अपने खेत में स्वयं विभिन्न प्रकार की सब्जियों का उत्पादन किया और तैयार फसल को बाजार में बेचकर हजारों रुपये की आय अर्जित की।
प्रीति ने खेती की शुरुआत मेहनत और लगन के साथ की। उन्होंने खेत की तैयारी से लेकर सब्जियों की बुआई, सिंचाई, देखभाल और फसल की तुड़ाई तक का कार्य स्वयं किया। जिसमें खीरा,फूल गोभी, पत्ता गोभी, टमाटर बैगन शिमला मर्च, कद्दू एवं सेब की फसल तैयार होने के बाद उन्होंने बिचौलियों पर निर्भर रहने के बजाय सब्जियों को स्वयं बाजार तक पहुंचाकर बेचा।
ताजी और गुणवत्तापूर्ण सब्जियों की अच्छी मांग के चलते उन्हें अपनी मेहनत का बेहतर मूल्य मिला। इससे न केवल उनकी आमदनी बढ़ी, बल्कि उनका आत्मविश्वास भी मजबूत हुआ।
प्रीति पंत का कहना है कि यदि महिलाएं अपने आसपास उपलब्ध जमीन और संसाधनों का सही उपयोग करें तो खेती के माध्यम से अच्छी आमदनी अर्जित की जा सकती है। उनका यह प्रयास ग्रामीण महिलाओं को स्वरोजगार, आत्मनिर्भरता और प्राकृतिक खेती की दिशा में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित कर रहा है। कहा कि मेहनत और हुनर के साथ खेती की जाए तो खेत केवल अन्न ही नहीं, बल्कि परिवार की आर्थिक मजबूती का आधार भी बन सकते हैं।

